हार्दिक पटेल, अल्पेश और जिग्नेश पर पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, महिला के घर जबरन घुस कर छापेमारी करने पर पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा

दिल्ली – पाटीदार अरक्षण आंदोलन के नेता हार्दिक पटेल और गुजरात के विधायक अल्पेश ठाकोर और जिग्नेश मेवाणी पर पुलिस मामला दर्ज किया है। गुजरात के गांधीनगर की रहने वाली कंचनबेन मकवाना की शिकायत पर हार्दिक, अल्पेश और जिग्नेश समेत 20 से अधिक लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। सभी पर आरोप है कि इन लोगों ने गांधीनगर के डीएसपी कार्यालय के सामने रहने वाली कंचनबेन के घर में घुसकर वहां गलत तरीके से रखी गई शराब को जब्त किया। महिला का कहना है कि उन्होंने कथित तौर पर एक घर पर ‘छापेमारी’  की जहां उनका दावा है कि शराब अवैध रूप से संग्रहित की गई थी।

बता दें कि कांग्रेस विधायक ठाकोर ने निर्दलीय विधायक मेवाणी तथा पटेल एवं एक दर्जन से अधिक समर्थकों के साथ वृहस्पतिवार को एक महिला कंचनबेन मकवाना के घर पर ‘छापेमारी’ की और दावा किया कि वे वहां से संचालित कथित ‘शराब अड्डे’ का भंडाफोड़ करना चाहते थे। यह घर गांधीनगर पुलिस अधीक्षक कार्यालय के नजदीक स्थित है। मकवाना ने गांधीनगर सेक्टर 21 थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में कहा गया है कि तीनों अपने समर्थकों के साथ महिला के घर में ऐसे समय में घुसे जब वहां कोई पुरुष सदस्य नहीं था।

बता दें कि शुक्रवार को गुजरात में चार लोगों के जहरीली शराब पीने से बीमार होने के बाद हार्दिक समेत अन्य आरोपी नेताओं ने पुलिस की शह पर शराब बिक्री का आरोप लगाया था। इन नेताओं ने गांधीनगर डीएसपी कार्यालय से कुछ दूरी पर स्थित एक महिला के घर पर कथित रूप से छापेमारी करते हुए शराब भी बरामद की थी। हालांकि महिला ने इसे एक साजिश बताते हुए शनिवार को तीनों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। पुलिस निरीक्षक वी एन यादव ने बताया कि शिकायत में महिला ने कहा है कि वह शराब नहीं बेचती और उसके घर से बरामद दो पाउच घर में घुसे लोगों ने वहां रख दिए थे।

मुकदमा दर्ज होने के बाद हार्दिक पटेल ने ट्वीट करते हुए लिखा, ‘गुजरात पुलिस ने शराब के ठेकेदार पर क़ानूनी प्रकिया नहीं की और हम युवा पर क़ानूनी प्रकिया कर,पुलिस और बीजेपी ने यह साबित कर दिया की गांधी के गुजरात में शराब माफ़िया अपनी मर्ज़ी से कुछ भी कर सकते हैं पुलिस और बीजेपी उनके साथ हैं। गुजरात में हर घंटे 554 लीटर विदेशी शराब पकड़ी जाती हैं।’ दूसरी ओर जिग्नेश मेवाणी ने अपने ट्वीट में लिखा कि शराब माफियाओं पर कार्रवाई के बजाय पुलिस ने मुझपर, हार्दिक पटेल और अल्पेश ठाकोर पर डीएसपी ऑफिस के पास बिक रही शराब को पकड़वाने के आरोप में केस दर्ज किया है। बता दें कि गुजरात में 1960 से ही शराब बंदी है जिसके तहत शराब के संग्रह,बिक्री और इस्तेमाल पर पूरी तरह से पाबंदी लगाई गई है।