विदेशो में धूम मचा रहा है, गोंडा का शुगर फ्री आलू

 

गोण्डा ,सूबे में आलू किसान बेहाल हैं। कोल्ड स्टोरेज का किराया निकालना मुश्किल है। थोक मंडी में आलू को पचास पैसे किलो बेचने की मजबूरी है। सैकड़ों क्विंटल आलू सड़ गया है। आलू को लेकर प्रदेश में सियासत का उफान भी आया, लेकिन यूपी गोण्डा के एक युवक ने आलू की फसल से खुद को मालामाल कर लिया। पार्थ नाम के युवक ने शुगर फ्री आलू की उन्नत खेती को अपनाया और विदेशों में आलू भेजकर तीन महीने में तीन गुना मुनाफा कमाया।
आलू किसानों की बेहाली के दिनों में गोण्डा जिला के बेलसर विकासखण्ड अंतर्गत परसदा के माजरा पोखरा गांव के युवा किसान पार्थ त्रिपाठी ने शुगर फ्री आलू की बंपर पैदावार के लिए ड्रिप इरिगेशन (सिंचाई की पद्धति) सिस्टम व उन्नत बीज से अपनी तकदीर को बदल लिया। नीदरलैंड से एलआर प्रजाति का बीज लाकर 110  दिन में फसल तैयार कर लिया। और अब बीज भी तैयार कर पिछले 4 वर्षों से सुगर फ़्री आलू तैयार कर सात समुंदर पार कर विदेशों के रेस्टोरेंटों में  जायका परोस  रहा है।पार्थ ने थाइलैंड के हिल्टन ग्रुप के होटलों के लिए आलू बेचा,बीते दिनों नेपाल में काठमांडू के व्यापारी के माध्यम से 14 रुपये प्रति किलो के दाम पर 42 टन आलू थाइलैंड भेजा है।

आलू पैदावार के लिए इजराइल के तकनीक से ड्रिप इरिगेशन सिस्टम लगवाते हैं, आलू के जड़ तक सिंचाई के साथ इसी सिस्टम से दवा व उर्वरकों का छिडक़ाव भी हो जाता है और लागत भी कम आती है। पार्थ के इस कार्य से आस पास के कई जनपदो के गांव में सैकड़ो लोगो को रोजगार भी उपलब्ध करा रहे है। यही नही आलू के खेत खाली होते ही रमजान को देखते हुए तरबूज की फसल तैयार करते जिसका रमजान में मुस्लिम समुदाय रोजा खोलने के लिए जमकर उपयोग करते है ।
उन्नतिसील खेती के लिए उत्तरप्रदेश से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकमत अवार्ड से सम्मानित किया है। जिला उद्यान अधिकारी अनिल शुक्ला ने बताया कि की पार्थ हावर्ड विश्विद्यालय से शिक्षा ग्रहणकर शुगर फ्री आलू की रिकार्ड तोड़ पैदावार कर थाई लैंड नेपाल सहित कई देशों में आलू भेज रहे है ड्रिप इरिगेशन तकनीक से सिंचाई कर कम लागत में अधिक मुनाफा कमा रहा है जिससे किसान की आय दोगुनी हो रही है।
जनपद में शुगर फ्री आलू का रेस्टोरेंटो में जमकर उपयोग होने लगा है। इस आलू से चाट, टिकिया पकौड़े,नमकीन सहित अन्य व्यंजन तैयार किया जाता जिसे कस्टमर बहुत चाव से खाते है दुकानदार का कहना है कि शुगर फ्री आलू के व्यंजन की मांग काफी बढ़ गयी हैं।